‘जय हो’ यूथ प्लेटफॉर्म लॉच

0 परिवार और समाज में युवा शक्तिशाली परिवर्तन कारक हैं – यूनिसेफ

जशपुर। जशपुर जिला प्रशासन और यूनिसेफ के संयुक्त तत्वावधान में जशपुर एलायंस ऑफ यूथ फॉर होप एंड अपॉर्चुनिटी (जय हो) का आज यहां शुभारंभ हुआ। इस मंच का उद्देश्य जिले में महिलाओं और बच्चों की भलाई के लिए परिवारों और समाज में सामाजिक और व्यवहारिक परिवर्तन को बढ़ावा देना है।

जशपुर जिले के कलेक्टर रितेश अग्रवाल ने कहा, “जय हो एक अनूठा युवा मंच है जो युवाओं को समुदाय की भलाई के लिए अपने कौशल और रचनात्मकता का उपयोग करने का अवसर प्रदान करता है। जय हो के अंतर्गत;तस्करी, कुपोषण, बाल विवाह, बाल श्रम और अन्य इसी तरह से लंबे समय से चले आ रहे मुद्दों को समाप्त करने की उम्मीद जगाता है।

जॉब जकारिया, चीफ यूनिसेफ छत्तीसगढ़ ने कहा, “युवाओं में अपने परिवारों और समुदायों में सकारात्मक बदलाव लाने की क्षमता है।” उन्होंने कहा, “यूनिसेफ किशोरों और युवाओं को कौशल को बढ़ावा देने ‘जय हो’जैसे कार्यक्रम शुरू करने की पहल की गई है जिसमें नागरिकों के माध्यम से युवाओं के लिए अवसर प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।” उन्होंने युवा स्वयं सेवकों से कम से कम 18 वर्ष तक के सभी बच्चों की शिक्षा सुनिश्चित करके बाल विवाह और तस्करी को समाप्त करने की दिशा में काम करने का आह्वान किया।

विधायक विनय भगत ने कहा कि जय हो मंच जिले में आदिवासी युवाओं के सशक्तिकरण में मदद करेगा। युवा नेतृत्व वाले मंच के माध्यम से, जिले भर में प्रमुख व्यवहार प्रथाओं को बढ़ावा देने और उनकी वकालत करने के लिए युवा चैंपियन और अधिवक्ताओं का एक कैडर बनाया जाएगा जिसमें यूनिसेफ मंच को तकनीकी सहायता प्रदान करेगा।

मंच को पहले ही ऑनलाइन पंजीकरण के माध्यम से 500 से अधिक आवेदन प्राप्त हुए थे। विजय अग्रवाल, जिला पुलिस अधीक्षक, अजय शर्मा, जिला कार्यक्रम अधिकारी, डब्ल्यूसीडी, जशपुर, अभिषेक सिंह, एसबीसी विशेषज्ञ, यूनिसेफ, वरिष्ठ जिला प्रशासन अधिकारी और जय हो के 100 से अधिक युवा स्वयंसेवकों ने इस कार्यक्रम में भाग लिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published.