मिसाल न्यूज़
रायपुर। विधानसभा में आज कांग्रेस विधायक चातुरी नंद ने आरोप लगाया कि महासमुंद जिले के जंगलबेड़ा में गोदावरी सोलर प्लांट ने वन भूमि को उजाड़ने का काम किया है। इसके विरोध में वहां हड़ताल चल रही है। इस मुद्दे पर वन मंत्री केदार कश्यप की ओर से संतोषप्रद जवाब नहीं आने का आरोप लगाते हुए विपक्षी विधायक सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सदन से बहिर्गमन कर गये।
प्रश्नकाल में श्रीमती चातुरी नन्द का सवाल था कि वर्ष 2025 में क्या महासमुंद वन मंडल के सरायपाली वन परिक्षेत्र के अंतर्गत ग्राम जंगलबेड़ा में नर्सरी अथवा वृक्षारोपण का कार्य किया गया था? यदि हां, तो किस-किस प्रकार के कुल कितने वृक्ष कितने क्षेत्रफल में लगाए गए थे? क्या उपरोक्त नर्सरी की भूमि को उद्योग विभाग अथवा सोलर प्लांट स्थापना के लिए उपयोग करने हेतु वन विभाग व्दारा एनओसी जारी की गई थी? यदि हां, तो किन शर्तों के तहत कब एनओसी जारी की गई थी? क्या उक्त अवधि में जंगलबेड़ा में अवैध पेड़ कटाई के प्रकरण विभाग के संज्ञान में आए हैं? यदि हां, तो अवैध पेड़ कटाई पर विभाग व्दारा कब-कब क्या कार्रवाई की गई है?
वन मंत्री केदार कश्यप का जवाब आया कि इस संबंध में किसी भी तरह का प्रश्न उपस्थित नहीं होता। चातुरी नंद ने कहा कि वन मंत्री नहीं का जवाब दे रहे हैं, जबकि उपलब्ध दस्तावेज के अनुसार 1989-90 मिशन के तहत यह स्थान सामाजिक वानिक वन विभाग के पास सूरक्षित है।
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि विधायक यहां पहली बार चुनकर आई हैं। उनका प्रश्न ही बदल गया। प्रश्न के इस तरह बदल जाने में विभाग की बड़ी भूमिका रही है। मंत्री केदार कश्यप ने बघेल के इस कथन पर आपत्ति की। चातुरी नंद ने कहा कि प्रश्न बदल दिया गया है। मूल प्रश्न मेरे पास यहां पर मौजूद है। बघेल ने कहा कि विधायक जो कह रही हैं उसकी जांच कराएं। सही पाया गया तो आधे घंटे की अलग से चर्चा करा लें। चातुरी नंद ने कहा कि गोदावरी सोलर प्लांट का बचाव करने की कोशिश की जा रही है। वहां डेढ़ माह से अनिश्चितकालीन हड़ताल चल रही है। वन भूमि को उजाड़ने वाले प्लांट के खिलाफ क्या कानूनी कार्यवाही की जाएगी? क्या गोदावरी प्लांट का अतिक्रमण हटाया जाएगा? मंत्री ने कहा कि जमीन पहले संयंत्र को मिली हुई है। वन विभाग का कोई रोल नहीं है। चातुरी नंद ने फिर दोहराया कि मेरे पास दस्तावेज है।
तत्पश्चात् मंत्री की ओर से सही जवाब नहीं आने का आरोप लगाते हुए विपक्षी कांग्रेस विधायकगण सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सदन से वाक आउट कर गए।

